मसूरी में आरएसएस की पद यात्रा

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ मसूरी की ओर से सोमवार को प्रतिपदा उत्सव मनाया गया. इसमें लोगों को नववर्ष की शुभकामनाएं दी गयी व मसूरी मलिंगार चौक से मसूरी गांधी चौक तक मैदान से स्वयंसेवकों ने पथसंचलन किया. इस दौरान भारत माता की जय और वंदे मातरम् के जयघोष से समूचा वातावरण गुंजायमान रहा.

स्वयंसेवकों ने खुद को जगाकर राष्ट्र को जागरूक करने का संकल्प भी लिया. वहीं महिलाओं ने गांधी चैक पर पथसंचलन यात्रा में प्रतिभाग करने वाले लोगों का फूल की वर्शा कर उनका स्वागत किया. जिला कार्यवाहक रविन्द्र जुगरान और मनोज रयाल ने कहा कि संपूर्ण भारत वर्ष व हिंदू समाज के लिए आज का दिन महत्वपूर्ण है. देश के अलग-अलग हिस्सों में नववर्ष के दिन कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं. यह दिन इसलिए भी महत्वपूर्ण है कि आज के दिन से ब्रह्मा जी ने शृष्टि की रचना की थी. उन्होंने कहा कि भारत प्राचीन व दिशा देने वाला देश रहा है. सांस्कृतिक विरासत इसकी पहचान रही है. परंतु हजारों वर्षों की गुलामी व संघर्ष में हम अपनी सांस्कृतिक विरासत को भूल गये थे और एक जनवरी को नववर्ष मनाना शुरू कर दिये. हमें हिंदू काल गणना के आधार पर नववर्ष मनाना चाहिए क्योंकि यह पूरी तरह वैज्ञानिक है.

उन्होंने कहा कि स्वयंसेवक साधारण जरूर होता है. लेकिन उसका दायित्व बहुत बड़ा होता हैं. समाज के प्रति जिम्मेदारी का भाव हमें सदैव अपने मन में रखना चाहिए. हमारा कर्तव्य है कि हम समाज को अपनी संस्कृति और परंपराओं के प्रति जागरूक करें. ऐसा तभी होगा, जब हम खुद जागरूक होंगे. उन्होंने कहा कि हमारा कर्तव्य है कि विमुख हो रही युवा पीढ़ी को संस्कृति से जोड़ें. उन्होंने कहा कि उनका किसी भी राजनैतिक पार्टी से कुछ लेना देना नही हैं, परन्तु भारतीय जनता पार्टी के विचार उनसे मिलते है इसलिये कई विषयों में व साथ देखे जाते हैं.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here