सितारगंज- जिंदल वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में मजदूर कर रहे विरोध पर्दशन

सितारगंज में वाटर ट्रीट मेन्ट प्लांट सिडकुल में मजदूरों ने 2-3 माह की सैलरी न मिलने व पीएफ, सीएल, बोनस व फैक्ट्री में सेफ्टी न देने को लेकर मजदूर धरना प्रदर्शन कर रहे हैं. मजदूरों का कहना है ड्यूटी 12 महीने 31 दिन करायी जाती है इसमें न कोई छुट्टी न कोई मेडिकल सुविधा कंपनी देती है उन्होंने कहा कि यहां 5 साल से काम कर रहे मजदूरों को परमानेंट नहीं किया जा रहा है. इसे लेकर मजदूर धरना प्रदर्शन कर रहे हैं.

resistance protesting workers at jindal water treatment plant in sitarganj uttrakhand resistance, protesting workers, jindal water treatment plant, sitarganj, uttrakhand
protesting workers

वाटर ट्रीटमेन्ट प्लांट सिडकुल में मजदूरों की 2-3 माह की मजदूरी नहीं दी जा रही है. मजदूरों का कहना है कि जब भी हम मजदूरी मांगते हैं तो प्लांट के बड़े अधिकारियों द्वारा उन्हें बाहर निकालने की धमकी दी जाती है. मजदूरों का कहना है कि यहां पर पूरे साल भर बिना छुट्टी के काम कराया जाता है. प्लॉट में काम के दौरान कोई सेफ्टी (सुरक्षा) नहीं दी जाती है न जूते न हाथो में ग्लास न ही सुरक्षा के लिए कपड़े दिए जाते है और ना ही कोई पीएफ दिया जा रहा है. ऐसे में मजदूरों का गुस्सा सांतवे आसमान पर जा रखा है. मजदूरो का वेतन उन्हें ना मिलने के कारण वह काफी परेशानियों का सामना कर रहे हैं.

वही जिंदल के अधिकारियों से बात करने पर वह कैसरा से बचते नजर आ रहे हैं. अधिकारियों ने कैमरे के डर से अपने आप को ऑफिस को अंदर से बंद कर लिया और बात करने से इनकार कर दिया. वैसे इस जिंदल वाटर ट्रीटमेंट प्लांट पर पहले भी काफी बार गंदा पानी बिना ट्रीट किये ही बाहर डालने के आरोप लगते रहे हैं. यहां के उकरोली वासियो ने गंदे पानी से जानवर मरने के भी प्लांट पर आरोप लगाए थे. वही अब बिना वेतन के कारण मजदूरों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.

 

जनहित खबर के लिए चरन सिंह की रिपोर्ट 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here