News For Bihar Farmers: बिहार में किसानों की होने वाली है बल्ले-बल्ले, सरकार करने जा रही है ये बड़ा काम

बिहार (Bihar) में घट रही गन्ने (sugarcane) की खेती (cultivation) का दायरा बढ़ाने की कवायद में सरकार जुट गई है। इसके लिए गन्ना उद्योग (Sugarcane Industries) विभाग द्वारा संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी किया गया है।

Farmer carrying sugarcane crop on shoulders

पटना। News For Bihar Farmers: बिहार (Bihar) में घट रही गन्ने (sugarcane) की खेती (cultivation) का दायरा बढ़ाने की कवायद में सरकार जुट गई है। इसके लिए गन्ना उद्योग (Sugarcane Industries) विभाग द्वारा संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी किया गया है। गन्ना उद्योग विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि राज्य (state) में कभी गन्ने की खेती तीन लाख हेक्टेयर में होती थी, लेकिन कई कारणों से किसान (farmers) गन्ने की खेती से दूर होते चले गए। ऐसे में आशंका बढ़ गई कि इससे चीनी मिलों की जरूरतें पूरी होने में भी मुश्किल हो जाएगी। ऐसे में गन्ना उद्योग विभाग ने गन्ना की खेती (sugarcane cultivation) का दायरा बढ़ाने की रणनीति बनाई है।

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एक अनुमान के मुताबिक फिलहाल प्रदेश में 2.40 लाख एकड़ में गन्ने की खेती होती है।

अधिकारी बताते हैं कि इसके लिए संबंधित जिला के अधिकारियों को भी निर्देश जारी किया गया है। बताया जा रहा है कि इसके तहत किसानों के बीच भी जागरूकता फैलाकर गन्ने का रकबा बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।

मुख्यमंत्री गन्ना विकास कार्यक्रम को भी व्यापक किया जाएगा, जिससे किसानों को मदद मिल सके।

सरकार का मानना है कि गन्ने की खेती का दायरा बढ़ने से प्रदेश में पूंजी निवेश की संभावना बढ़ सकेगी। सरकार इथेनॉल कारखाना लगाने पर लगातार काम कर रही है।

सरकार कृषि शोध संस्थानों से भी वैज्ञानिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए कह सकती है।

इधर, गन्ना किसानों का मानना है कि गन्ने की खेती में किसानों को जितना परिश्रम करना पड़ता है, उस एवज में उसकी कीमत नहीं मिल पाती है।